छिंदवाड़ा। जिले के पांढुर्णा विधानसभा क्षेत्र में गुरुवार को अधिकांश गांवों में बारिश के साथ ओलावृष्टि हुई, चना व बेर के आकार के ओले गिरने से खेतों पर खड़ी फसल चौपट हो गई। वहीं बुधवार रात करीब 1 बजे शहर के आसपास व नगर सहित आसपास के ग्रामीण इलाकों में अचानक तेज हवा के साथ बारिश होने लगी, कुछ ही मिनटों में गड़गड़ाहट के साथ ओलावृष्टि शुरू हो गई। पहले चना के आकार के ओले गिरे, इसके बाद फिर आंवला साइज के ओले गिरना शुरू हो गया। यह सिलसिला 20 मिनट तक जारी रहा।
विधायक और एसडीएम ने किया निरीक्षण
ओलों से जमीन पर 4 इंच मोटी परत जम गई। ग्रामीण क्षेत्र में भी आंवला के आकार के ओले गिरने से भारी तबाही हुई। क्षेत्र के चांगोबा, नरसला डिंगोरी, पठारा, ढोलनखापा, सावचपानी, बिरोलीपार साथ अन्य गांवों में ओला वृष्टि से गेंहू, संतरा, और चना फसल को भारी नुकसान हुआ है। इन गांवों सहित अन्य गांवो का अनुविभागीय अधिकारी चंद्रप्रकाश पटेल व विधायक नीलेश उईके द्वारा निरीक्षण किया। सर्वे हेतु टीम गठित करने के निर्देश नायब तहसीलदार नांदनवाड़ी को दिये गये। पांढुर्णा क्षेत्र के विधायक नीलेश उइके ने ग्राम धनोरा, उत्तम डेरा, दिघोरी, डोलनखापा, नरसला और पठारा आदि क्षेत्र का पूरी टीम एसडीएम, तहसीलदार, आरआई, पटवारी सभी प्रशासनिक अधिकारियों को साथ में लेकर निरीक्षण किया और प्रभावित क्षेत्र के लोगों को आश्वासन दिया कि ओलावृष्टि से हुई हानि का सभी को मुआवजा मिलेगा जिसमे नांदनवाड़ी क्षेत्रीय कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष रामप्रसाद उइके सहित क्षेत्र के लोग उपस्थित रहे।
बारिश के साथ ओलावृष्टि से फसल बर्बाद